खो-खो विश्वकप 2025: दिल्ली में तैयारी पूरी, मुफ्त मिलेगा टिकट

0
खो खो विश्व कप 2025

नई दिल्ली : देश की राजधानी दिल्ली में होने जा रहे पहले खो-खो विश्वकप के लिए सारी तैयारियां पूरी हो गई हैं। इस बीच मंगलवार को खो खो विश्वकप का कार्यक्रम भी घोषित किया गया। इस महाकुंभ का आयोजन 13 जनवरी से 19 जनवरी तक होगा।

भारतीय ओलंपिक संघ (आईओए) द्वारा समर्थित खो-खो प्रतियोगिता के पहले संस्करण में 20 पुरुष और 19 महिला टीमें शामिल होंगी। खास बात यह है कि इस प्रतियोगिता को देखने के लिए मुफ्त टिकट की व्यवस्था है, हालांकि टिकट ऑनलाइन बुक करना होगा।

दिल्ली के आईटीओ स्थित इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में आयोजित होने वाले इस विश्वकप में छह महाद्वीपों के 24 देश शिरकत करेंगे। इसमें पुरुषों की 20 टीमें और महिलाओं की 19 टीमें प्रतिभाग करेंगी। एशिया की टीमों में भारत, पाकिस्तान और बांग्लादेश की टीमें प्रमुख रूप से शामिल हो रही हैं।

13 जनवरी से 16 जनवरी तक लीग मुकाबले खेले जाएंगे। जबकि क्वार्टरफाइनल मैच 17 जनवरी को, सेमीफाइनल मुकाबला 18 जनवरी को और 19 जनवरी को फाइनल मैच खेला जाएगा।

खो-खो फेडरेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष सुधांशु मित्तल ने बताया कि खिलाड़ियों के ठहरने के लिए खेल गांव बसाने की भी योजना है, ताकि देश-विदेश में इस खेल की चर्चा हो सके। विश्व कप में दो शानदार ट्रॉफी होंगी।

पुरुषों की चैंपियनशिप के लिए चमकदार नीली ट्रॉफी तैयार की गई है और महिलाओं के लिए हरी ट्रॉफी, जो गतिशील भावना को दर्शाता है। नीली ट्रॉफी विश्वास, दृढ़ संकल्प और सार्वभौमिक अपील का प्रतीक है, जबकि हरी ट्रॉफी विकास और जीवन शक्ति का प्रतीक है।

सुधांशु मित्तल ने मीडिया से बातचीत में बताया कि विश्वकप भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) के तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है। इस विश्व कप का आयोजन खो-खो को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक नई पहचान दिलाने के लिए किया जा रहा है, ताकि इस खेल को ओलंपिक्स में शामिल कराया जा सके।

इस आयोजन से दुनिया भर के लोग खो-खो के कौशल, गति और टीम वर्क का प्रदर्शन देख सकेंगे। यह विविध देशों की संस्कृतियों को खेल के माध्यम से एकजुट करेगा।

फेडरेशन के महासचिव एमएस त्यागी ने कहा कि विश्वकप में 24 देशों की भागीदारी खो-खो की बढ़ती अंतरराष्ट्रीय लोकप्रियता को दर्शा रही है। इस खेल के शुभंकर तेजस और तारा हैं। तारा मार्गदर्शन और आकांक्षा का प्रतीक है, जबकि तेजस गति और टीमवर्क की पहचान है।


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *