पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच तनाव तेजी से बढ़ा। दोनों देशों के नेताओं ने सीधे आरोप लगाए। इसी बीच पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा मोहम्मद आसिफ ने “खुला युद्ध” घोषित किया। उन्होंने यह बयान ताजा हवाई हमलों और सीमा पार कार्रवाई के बाद दिया।
काबुल में धमाके, हवाई गतिविधि तेज
शुक्रवार तड़के काबुल में जोरदार धमाके सुनाई दिए। लोगों ने आसमान में लड़ाकू विमानों की आवाज भी सुनी। इससे कुछ घंटे पहले अफगानिस्तान ने दावा किया कि उसने पाकिस्तानी सीमा चौकियों पर हमले किए।
इसके तुरंत बाद ख्वाजा आसिफ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कड़ा संदेश लिखा। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान का सब्र खत्म हो गया। अब दोनों देशों के बीच खुला युद्ध चल रहा है।
उधर पाकिस्तान की सेना ने “गजाब लिल हक” नाम से ऑपरेशन शुरू किया। सेना ने कहा कि उसे सीमा पार से बिना उकसावे के गोलीबारी का सामना करना पड़ा। इसलिए उसने जवाबी कार्रवाई की। वहीं अफगानिस्तान ने कहा कि उसकी सेना ने विवादित डूरंड रेखा पर पाकिस्तानी सैन्य ठिकानों के खिलाफ बड़े पैमाने पर अभियान चलाया।
दोनों पक्षों के दावे आमने-सामने
इसके बाद दोनों देशों ने हवाई और जमीनी हमलों का दावा किया। अफगान रक्षा मंत्रालय ने कहा कि उसकी सेना ने एक दर्जन से अधिक पाकिस्तानी चौकियां अपने कब्जे में लीं। उसने 19 चेक पोस्ट और दो सैन्य अड्डे भी नष्ट किए। अफगान अधिकारियों ने कहा कि आधी रात तक लड़ाई रुकी।
हालांकि पाकिस्तान ने इन दावों को खारिज किया। सूचना मंत्री अत्ताउल्लाह तरार ने कहा कि दो पाकिस्तानी सैनिक मारे गए और तीन घायल हुए। उन्होंने दावा किया कि पाकिस्तानी बलों ने 36 अफगान लड़ाकों को मार गिराया।
दूसरी ओर अफगानिस्तान ने कहा कि 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए। उसने कई सैनिकों को पकड़ने का भी दावा किया। अफगान पक्ष ने बताया कि उसके आठ सैनिक मारे गए और 11 घायल हुए। फिलहाल दोनों देशों के दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी।
टकराव की शुरुआत कैसे हुई
यह तनाव पिछले रविवार से बढ़ा। उस दिन पाकिस्तान ने अफगान सीमा के पास हवाई हमले किए। इस्लामाबाद ने कहा कि उसने तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान यानी टीटीपी के ठिकानों को निशाना बनाया। पाकिस्तान लंबे समय से टीटीपी पर हमलों का आरोप लगाता रहा है।
हालांकि अफगानिस्तान ने इन दावों को नकारा। उसने कहा कि हमलों में नागरिक इलाकों को नुकसान पहुंचा। अफगान प्रवक्ता ज़बीहुल्लाह मुजाहिद ने कहा कि अफगान बलों ने बार-बार की गई पाकिस्तानी कार्रवाई के जवाब में हमला किया।
बड़े शहरों तक पहुंचा संघर्ष
इसके बाद पाकिस्तान ने कहा कि उसने काबुल, कंधार और पक्तिया में अफगान सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। वहीं अफगान अधिकारियों ने तोरखम सीमा के पास नागरिकों के घायल होने की जानकारी दी। गोलाबारी एक शिविर के पास हुई, जहां लौटे हुए लोग रह रहे थे।
स्थिति बिगड़ती देख दोनों देशों ने सीमा क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। सीमा व्यापार पर भी असर पड़ा। सुरक्षा बलों ने गश्त बढ़ाई।
फिलहाल हालात बेहद तनावपूर्ण बने हुए हैं। दोनों देश एक-दूसरे पर हिंसा शुरू करने का आरोप लगा रहे हैं। हालांकि कोई भी पक्ष पीछे हटने के संकेत नहीं दे रहा। ऐसे में सीमा पर हालात और बिगड़ने की आशंका बनी हुई है।