वैश्विक अनिश्चितता से शेयर बाज़ार में गिरावट: सेंसेक्स 300 अंक लुढ़का, निफ्टी 25,600 के नीचे फिसला

0
low

शुक्रवार को भारतीय शेयर बाज़ार तेज़ गिरावट के साथ बंद हुआ। वैश्विक तनाव ने शुरुआत से दबाव बनाया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नई टैरिफ चेतावनी ने निवेशकों को सतर्क किया। नतीजतन, जोखिम से बचने की प्रवृत्ति बढ़ी।

सेंसेक्स दिनभर कमजोरी में रहा। अंत में यह 300 अंकों से अधिक टूटा। साथ ही निफ्टी भी 25,600 के अहम स्तर के नीचे फिसला। ट्रेडरों ने खुलते ही बिकवाली शुरू की। पूरे सत्र में दबाव कायम रहा।

दरअसल, ट्रंप ने यूरोप के आठ देशों पर अतिरिक्त टैरिफ लगाने की चेतावनी दी। इस बयान ने वैश्विक बाज़ारों में अस्थिरता फैलाई। निवेशकों ने तुरंत सुरक्षित विकल्प चुने। सोने की मांग बढ़ी। इक्विटी से पैसा निकला।

जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के विनोद नायर ने कहा कि इस घोषणा से अमेरिका–यूरोप व्यापार विवाद की आशंका फिर उभरी। इसलिए जोखिम वाले एसेट्स में बिकवाली तेज़ हुई। उन्होंने यह भी बताया कि विदेशी निवेशकों की लगातार निकासी ने घरेलू बाज़ार को और कमजोर किया। हालांकि चीन जैसे कुछ एशियाई बाज़ारों ने मजबूत निर्यात आंकड़ों के कारण स्थिरता दिखाई, फिर भी भारतीय निवेशकों का भरोसा डगमगाया।

उधर रुपये में कमजोरी ने भी चिंता बढ़ाई। डॉलर के मुकाबले गिरावट जारी रही। इससे विदेशी निवेशकों का रुख और नकारात्मक हुआ। उन्होंने दिनभर बिकवाली जारी रखी।

एंरिच मनी के सीईओ पोनमुदी आर ने कहा कि टैरिफ और भू-राजनीतिक तनाव ने निवेशकों को असमंजस में रखा। उन्होंने साफ कहा कि ट्रंप की चेतावनी ने वैश्विक स्तर पर जोखिम से दूरी बढ़ाई, जिसका असर भारत पर भी दिखा।

निफ्टी तकनीकी स्तरों पर भी कमजोर रहा। शुरुआत में इंडेक्स ने सपोर्ट बचाने की कोशिश की। फिर भी बिकवाल हावी रहे। निफ्टी 25,600 से नीचे गिरा, जो पिछले कई सत्रों में मजबूत स्तर बना रहा। इसके बाद इंडेक्स 25,494 तक फिसला। हालांकि दोपहर में हल्की रिकवरी दिखी, लेकिन खरीदारी टिक नहीं सकी। अंत में निफ्टी फिर नीचे आ गया।

अब 26,000 का स्तर रेजिस्टेंस बन गया है। यह 100-ईएमए के पास मौजूद है। इसलिए ऊपर की राह कठिन दिखती है।

एलकेपी सिक्योरिटीज के रुपक डे ने कहा कि निफ्टी पूरे दिन 20-ईएमए से नीचे रहा। हर उछाल पर बिकवाली दिखी। साथ ही आरएसआई भी नकारात्मक संकेत देता रहा। इंडेक्स कई दिनों के निचले स्तर पर बंद हुआ, जिससे कमजोरी साफ झलकी।

इंडिया VIX में तेज़ उछाल दिखा। इससे बाज़ार में डर बढ़ा। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर दबाव जारी रहा तो निफ्टी 25,200 की ओर बढ़ सकता है। वहीं 25,700 के पास मजबूत रुकावट दिखती है।

सेक्टोरल स्तर पर बैंकिंग, आईटी और मेटल शेयरों में तेज़ गिरावट आई। वैश्विक सुस्ती की आशंका ने मेटल स्टॉक्स पर असर डाला। आईटी पर अमेरिकी चिंता हावी रही। बैंकिंग में भी मुनाफावसूली दिखी।

आगे चलकर नतीजों का सीजन उतार-चढ़ाव बढ़ा सकता है। कमजोर प्रदर्शन वाली कंपनियों पर दबाव रहेगा। जब तक वैश्विक स्थिति स्थिर नहीं होती और विदेशी निवेश रुकते नहीं, तब तक बाज़ार सीमित दायरे में ही रह सकता है।


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Latest News