अलग प्रबंधक कमेटी की जरूरत नहीं हरियाणा में:जगीर कौर

0

सरकार गंभीर होकर किसानों की मांगें माने मंजी साहब गुरुद्वारा की नई इमारत की रखी आधारशिला



कैथल, 21 मार्च । शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी अमृतसर की अध्यक्षा बीबी जगीर कौर ने कहा है कि हरियाणा में अलग गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की कोई जरूरत नहीं है। एसजीपीसी के तहत प्रदेश के सारे गुरुद्वारों का रख-रखाव बेहतर तरीके से हो रहा है। कुछ लोग जानबूझकर अलग प्रबंधक कमेटी के मुद्दे को जिंदा रखे हुए हैं। जगीर कौर रविवार को कैथल में मंजी साहिब गुरुद्वारे की इमारत की आधारशिला रखने के बाद पत्रकारों से बातचीत कर रही थी।
 उन्होंने कहा कि हरियाणा और हिमाचल पंजाब के हिस्से रहे हैं। यहां के गुरुद्वारे भी शुरू से ही एसजीपीसी के अंडर रहे हैं। इसलिए अलग कमेटी बनाने का सवाल ही पैदा नहीं होता। दिल्ली की अलग गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी होने पर उन्होंने कहा कि दिल्ली की शुरू से ही अलग गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी रही है। उसे एसजीपीसी से अलग करके नहीं बनाया गया है। दिल्ली कभी भी वृहद पंजाब का हिस्सा नहीं रही है। इसलिए दोनों मसलों को एक साथ जोडक़र नहीं देखना चाहिए। उन्होंने कहा कि धर्म की रक्षा करना सिखों का पहला कर्तव्य है।
बीवी ने कहा कि किसान बंधक बन कर सडक़ पर बैठा है और सरकार उनकी ओर ध्यान नहीं दे रही है। सरकार को सचेत रहना चाहिए और किसानों की मांगे मानकर उन्हें जल्दी से सडक़ से उठाना चाहिए। इससे पहले उन्होंने मंजी साहिब गुरुद्वारा इमारत का नींव पत्थर रखा। जागीर कौर ने कहा कि गुरु तेग बहादुर ने देश और हिन्दू धर्म की रक्षा के लिए सर्वंश कुर्बान कर दिया। गुरु साहिब ने उस वक्त के जालिम शासक औरंगजेब के अत्याचारों के खिलाफ लड़ते हुए शहादत दी पर जरा भी डोले नहीं। एसजीपीसी नौवीं पातशाही की याद में 400 साला प्रकाशोत्सव मना रही है। हम सब सौभाग्य शाली है। जिस तरह हम अपने बच्चों का बर्थडे बड़ी खुशी से मनाते है उससे ज्यादा चाव से संगत गुरु साहिब का 400 साला प्रकाशोत्सव मनाए।

उन्होंने गुरुद्वारा साहिब की इमारत बनाने में सबको सहयोग करने के लिए प्रेरित किया। इस पुनीत कार्य को पूरा करने में एसजीपीसी उनके साथ है। इस मौके पर एसजीपीसी सदस्य हरभजन सिंह, शरणजीत सिंह सौथा, गुरु तेग बहादुर सेवा दल के निदेशक डॉ.महेंद्र सिंह शाह, मनिंदर सिंह एडवोकेट, गुरुचरण सिंह समेत संगत मौजूद थी।


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *