रायपुर – प्राकृतिक खुबसूरती से भरा है छत्तीसगढ़, सतरेंगा आईए, आनंद उठाईये: मुख्यमंत्री

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मुख्यमंत्री ने क्रूज बोट में बैठकर किया नौका विहार 



 रायपुर, 05 जनवरी (हि.स.)।  कोरबा जिले के मनोरम एवं खूबसूरत तथा नव विकसित पर्यटन स्थल सतरेंगा की खूबसूरती और हसदेव नदी का अथाह जल छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री को भा गया। एक रात सतरेंगा के रिसॉर्ट में ठहरने के बाद सुबह मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री श्री बघेल ने देश-विदेश के पर्यटकों को सतरेंगा आकर वहां की खूबसूरती का आनंद लेने की बात कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ प्राकृतिक खूबसूरती से भरा राज्य है। बस्तर हो या सरगुजा, बिलासपुर हो या बारनवापारा और अब कोरबा का सतरेंगा यहां हर जगह प्राकृतिक सौंदर्य है, रमणीय स्थल है। उन्होंने यहां विकसित सुविधाओं की जानकारी कलेक्टर श्रीमती किरण कौशल से ली।
श्री बघेल ने अगले दिन की सुबह प्राकृतिक सुंदरता से परिपूर्ण पर्यटन स्थल में कू्रज बोट  में बैठकर नौका विहार भी किया। मुख्यमंत्री ने अपार जल राशि के बीच बने 25 सीटर फ्लोटिंग रेस्टोरेंट पहुंचकर चाय की चुस्की का आनंद लिया। मुख्यमंत्री के साथ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. चरण दास महंत, स्कूल शिक्षा मंत्री एवं कोरबा जिले के प्रभारी मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम, राजस्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल, कोरबा सांसद श्रीमती ज्योत्सना महंत, कोरबा नगर निगम के महापौर राजकिशोर प्रसाद, पूर्व विधायक बोधराम कंवर भी बोट में बैठे थे।
 रिसॉर्ट परिसर में सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए सुसज्जित ओपन थियेटर, थियेटर में सीढ़ीनुमा बैठक व्यवस्था है। हर शाम यहां पर्यटकों के लिए छत्तीसगढ़ी लोक संस्कृति से रूबरू होने स्थानीय लोक कलाकारों द्वारा लोक नृत्य, लोक गीतों के साथ कैम्प फायर का आयोजन की भी सुविधा है। पास ही कू्रज स्पीड बोट, जेट बोट आदि के साथ वॉटर स्पोर्ट्स की सुविधा उपलब्ध है।  छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल द्वारा वन विभाग के सहयोग से सतरेंगा में वर्ष 2019-20 में जिला खनिज न्यास मद से 20 लाख रूपये की लागत से विकास कार्य किये गये हैं।
मुख्यमंत्री ने मछली पालन के लिए 40 हितग्राहियों कोे दिये छह करोड़ रूपये –  मुख्यमंत्री ने केज कल्चर से मछली पालन के लिए 40 हितग्राहियों को 15-15 लाख कुल छह करोड़ रूपये की अनुदान सहायता राशि का स्वीकृति पत्र और मछुआ सहकारी समिति को एक लाख रूपये का जाल प्रदान किये। मुख्यमंत्री ने मछुआ समिति के सदस्यों को मछली पालन के लिए प्रोत्साहित किया। सतरेंगा में मछली पालन के लिए मछली पालन विभाग द्वारा वर्ष 2020-21 में 50 लाख रूपये की लागत से केज प्लेटफार्म की स्थापना की गई है।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पर्यटन स्थल सतरेंगा में केज कल्चर से हो रहे मछली पालन का अवलोकन किया। इसके बाद श्री बघेल ने पाले गये पंगेशियस मछलियों को दाना अपने हाथों से खिलाया।
मुख्यमंत्री ने जिले के अधिकारियों से पारिवारिक माहौल में की बातचीत- मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कोरबा प्रवास के दूसरे दिन आज ओपन थियेटर सतरेंगा में जिले के सभी विभागों के अधिकारियों से पारिवारिक माहौल में बातचीत की।मुख्यमंत्री ने  जिले में चल रहे कार्यों की जानकारी ली और योजनाओं का क्रियान्वयन सही ढंग से करने के निर्देश दिये।

 


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