सीबीएसई ने 9-12वीं कक्षा का पाठ्यक्रम 30 प्रतिशत घटाया : निशंक
नई दिल्ली, 07 जुलाई (हि.स.)। देश में कोविड-19 संकट के मद्देनजर केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने 9 से 12वीं कक्षा तक की मूल अवधारणाओं को बरकरार रखते हुए पाठ्यक्रम को 30 प्रतिशत तक कम कर दिया है।
केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री डॉ रमेश पोखरियाल निशंक ने मंगलवार को ट्वीट कर कहा देश और दुनिया में प्रचलित असाधारण स्थिति को देखते हुए सीबीएसई को कक्षा 9 वीं से 12 वीं के छात्रों के लिए पाठ्यक्रम को संशोधित करने और पाठ्यक्रम भार को कम करने की सलाह दी गई थी। इसके अलावा केंद्र सरकार ने मूल अवधारणाओं को बरकरार रखते हुए स्कूल पाठ्यक्रम को 30 प्रतिशत तक तर्कसंगत बनाने का निर्णय लिया है।
मानव संसाधन विकास मंत्रालय के अनुसार कोविड-19 के बढ़ते मामलों के बीच स्कूलों के ना खुल पाने के कारण शिक्षा व्यवस्था पर काफी प्रभाव पड़ा है। स्कूलों के बंद होने के कारण शिक्षा के समय में भी कमी आई है जिसको ध्यान में रखते हुए सीबीएसई ने शैक्षणिक सत्र 2020-21 के लिए 9वीं – 12वीं का पाठ्यक्रम संशोधित करने का निर्णय लिया है। मूल अवधारणाओं को बनाए रखते हुए पाठयक्रम को यथांसभव 30 प्रतिशत तक कम कर दिया गया है।
मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि यह घटाया गया पाठ्यक्रम वर्षांत बोर्ड परीक्षाओं और आतंरिक मूल्यांकन के लिए निर्धारित विषयों का हिस्सा नहीं होगा। विद्यालय प्रमुख और अध्यापक विभिन्न विषय संयोजित करने के लिए विद्यार्थियों को घटाई गई विषय-वस्तु की भी व्याख्या करना सुनिश्चित करेंगे। सम्बद्ध विद्यालयों में वैकल्पिक शैक्षणिक कैलेंडर और एनसीईआरटी के अन्य इनपुट भी अध्यापन शिक्षण का भाग होंगे।
विद्यालय प्रारम्भिक कक्षाओं I-VIII के लिए एनसीईआरटी द्वारा विनिर्दिष्ट वैकल्पिक शैक्षणिक कैलेंडर और अधिगम निष्कर्षों का अनुसरण करेंगे| संशोधित पाठ्यक्रम सीबीएसई की शैक्षणिक वेबसाइट www.cbseacademic.nic.in पर उपलब्ध है|
उल्लेखनीय है कि केंद्र सरकार ने कोविड-19 के प्रकोप को रोकने के उपायों में से एक देशव्यापी लॉकडाउन के मद्देनजर 16 मार्च से देश भर के विश्वविद्यालयों और स्कूलों को बंद करने की घोषणा की थी। ऐसे में केवल ऑनलाइन माध्यमों से शैक्षणिक गतिविधियों को आगे बढ़ाया जा रहा है।
