आर्थिक सर्वे में रिटायरमेंट की उम्र बढ़ाने की सिफारिश .

0

निर्मला सीतारमण ने कहा कि केंद्र सरकार का विशेष ध्यान निवेश बढ़ाने पर है। उन्होंने कहा कि यदि निवेश बढ़ेगा तो बेरोजगारी दर जरूर घटेगी। आर्थिक सर्वे में देश की जनसंख्या पर रोशनी डालते हुए यह कहा गया कि आने वाले दो दशकों में देश की जनसंख्या वृद्धि दर में काफी गिरावट देखी जाएगी।



नई दिल्ली, 04 जुलाई (हि.स.)। मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला आर्थिक सर्वे गुरुवार को संसद में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने पेश किया। सर्वे में कहा गया है कि आबादी की बढ़ती हुई उम्र को देखते हुए अभी से इसकी तैयारी करनी चाहिए। इसके लिए हेल्थकेयर में निवेश बढ़ाने और चरणबद्ध तरीके से सेवानृविति (रिटायरमेंट) की उम्र बढ़ाने की जरूरत है।

मुख्य आर्थिक सलाहाकार कृष्णमूर्ति सुब्रमण्यन की सिफारिशों के आधार पर संसद में पेश आर्थिक सर्वे की बात करें तो देश में रिटायरमेंट की उम्र बढ़कर 70 साल हो सकती है। दरअसल भारत में महिला और पुरुष के स्वास्थ्य पहले की अपेक्षा बेहतर हो रहे हैं। इसके लिए जर्मनी, ब्रिटेन, चीन और जापान का उदाहरण भी सर्वे में दिया गया। वित्त मंत्री ने कहा कि बीते पांच वर्षों में महंगाई दर निचले स्तर पर पहुंची है। सरकार ने कीमत बढ़ने पर रोक लगाने के लिए विशेष ध्यान दिया है।

निर्मला सीतारमण ने कहा कि केंद्र सरकार का विशेष ध्यान निवेश बढ़ाने पर है। उन्होंने कहा कि यदि निवेश बढ़ेगा तो बेरोजगारी दर जरूर घटेगी। आर्थिक सर्वे में देश की जनसंख्या पर रोशनी डालते हुए यह कहा गया कि आने वाले दो दशकों में देश की जनसंख्या वृद्धि दर में काफी गिरावट देखी जाएगी।

उन्होंने कहा कि हालांकि बहुत बड़ी संख्या में युवा आबादी की वजह से देश को जनसांख्यिकीय लाभांश का फायदा मिलता रहेगा। लेकिन, साल 2030 की शुरुआत से कुछ राज्यों में जनसंख्या स्वरूप में बदलाव से अधिक आयु वाले लोगों की तदाद बढ़ेगी। दरअसल इन राज्यों की आबादी में बदलाव की प्रक्रिया काफी आगे बढ़ चुकी है।

 


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *