आंध्र प्रदेश : नायडू राज में बने प्रजा वेदिका के ध्वस्तीकरण आदेश की विपक्ष ने आलोचना की

0

मुख्यमंत्री जगन ने अवैध बताते हुए दिया है ध्वस्तीकरण आदेश-बुधवार से ध्वस्तीकरण शुरू करने को लेकर अफसरों की बैठक



अमरावती (आंध्र प्रदेश), 25 जून (हि.स.)। मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने राज्य की पिछली चंद्रबाबू सरकार द्वारा उंडवल्ली में निर्मित प्रजा वेदिका को अवैध करार देते हुए उसके ध्वस्तीकरण का आदेश दिया है। मुख्यमंत्री ने जिलाधीशों के साथ आयोजित बैठक में यह आदेश दिए। इस आदेश की कड़ी आलोचना करते हुए विजयवाड़ा के संसद केसिनेनी नानी ने कहा है कि राज्य के सभी अवैध निर्माण को हटाए जाने के बाद ही प्रजा वेदिका को हटाया जाना चाहिए।
राज्य के पूर्व वित्त मंत्री रामकृष्णुडु के कहा है कि निर्माण के अवैध या वैध की चर्चा बाद में हो सकती है लेकिन इसका निर्माण सरकारी खर्च पर जनता के हित में ही काम किया। रामकृष्णुडु ने मुख्यमंत्री जगन मोहन को तुगलक बताया है। जगमोहन ने अनुसार सरकारी भवन प्रजा वेदिका जहां अलग-अलग विभागों की समीक्षा बैठकें होती थी, वह पूरा भवन नियमों के खिलाफ बनाया गया है।
जगन मोहन ने पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष के नेता चंद्रबाबू की आचोना करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री जैसे व्यक्ति अनैतिक काम करते हैं तो निचले स्तर के अधिकारी अनैतिक कार्य नहीं करेंगे?  इसी क्रम में कल सरकारी बैठक के पश्चात उन्होंने प्रजा वेदिका के अवैध निर्माण को गिराने के आदेश दिए।
इस अवैध निर्माण के ध्वस्तीकरण का कार्य बुधवार 26 जून से शुरू होगा। ताजा जानकारी है कि मंगलवार को इसे लेकर जिलाधीश और नगर आयुक्त के बीच बैठक हुई। जबकि पूर्व मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू मंगलवार सुबह विदेश प्रवास के बाद हैदराबाद पहुंचे हैं और शाम तक राजधानी अमरावती पहुंच जाएंगे। विजयवाड़ा में प्रजा वेदिका गिराने के निर्णय से तनाव की स्थिति पैदा हो गई है और इसे देखते हुए सचिवालय के निकट पुलिस की सुरक्षा बढ़ा दी गयी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *